सुनील ने जैसे ही, अपने घर को देखा, वह चौक गया, क्योंकि उसके घर की जगह पर ,वहां पर एक होटल था । सुनील समझ नहीं पा रहा था कि, सुबह तो मेरा घर था, अचानक यह होटल कहां से आ गया?
सुनील होटल में जाता है और होटल के मालिक से पूछता है कि, सर मेरा घर था यहां पर मेरा घर कहां गया? होटल वाला बोला______________ तुम्हारा घर, यहां पर ऐसा कोई घर नहीं था।
सुनील ने कहा____________सुबह यहां मेरा घर था मेरी बीवी और मेरा बेटा था , कहां गया मेरा घर? होटल कब बन गया यहां पर? होटल वाला बोला__________ तुम पागल हो गये हो, तुम्हारा सुबह यहाँ पर घर कैसे हो सकता है?
यह होटल में 10 सालों से चला रहा हूं ये सुनकर सुनील हैरान हो जाता है कि, ऐसा कैसे हो सकता है? सुबह तो मेरा घर था, यहाँ पर अचानक होटल कैसे बन सकता है?
सुनील को कुछ समझ में नहीं आ रहा था, कि वह क्या करें ? उसने होटल वाले से बहुत बार पूछने की कोशिश की, कि अचानक यहां पर होटल कैसे बन सकता है ? होटल वाले ने सुनील को होटल से धक्के मार कर बाहर निकाल दिया।
सुनील तुरंत पुलिस स्टेशन गया , पुलिस स्टेशन जाकर सुनील ने कहा की_______ वहा पर मेरे घर के बदले एक होटल बना दिया गया है? सुनील ने होटल का नाम बताया तो, सारे पुलिस वाले हंसने लगे, पागल हो गया है ये होटल कई सालो से यहाँ पर है।
सुनील को पुलिस स्टेशन से भगा दिया गया, सुनील को कुछ समझ में नहीं आ रहा था । यह सब हो क्या रहा है? थोड़ी दूर जाकर सुनील ने सोचा क्यों, ना मैं ऑफिस जाऊं, क्या पता मुझे वहां से कुछ पता चल पाए, सुनील तुरंत अपने ऑफिस की ओर जाता है। ऑफिस में पहुंचते ही, उसको ऑफिस पूरी तरह से बदला हुआ नजर आता है, जिन्हें वह जानता था, उनमें से कोई भी वहां पर काम नहीं करता था, वहां पर खड़े एक आदमी से सुनील ने अपने बॉस के बारे में पूछा _________भाई साहब, यह रंजीत अग्रवाल कहां मिलेंगे? आदमी थोड़ा चौक गया था, उसने कहा, तुम पागल हो गए हो, तुम किसको ढूंढ रहे हो। सुनील ने कहा इस ऑफिस के मालिक को, आदमी बोला कि, भाई, रंजीत अग्रवाल को मरे हुए 5 साल हो चुके हैं, सुनील हैरान था कि 5 साल, अभी तो मैं कल ही मिला था, सर से और 1 दिन में 5 साल हो गई।
सुनील को कुछ भी समझ में नहीं आ रहा था । सुनील ने पूछा_______अब ये ऑफिस कौन चलाता है? उनका बेटा चलाता है, बेटा, कहीं आप अमित अग्रवाल की बात तो नहीं कर रहे हैं , बिल्कुल सही कहा यह ऑफिस अमित अग्रवाल ही चलाते हैं। सुनील हैरान था की अमित अग्रवाल अभी दस सा, ल का है,वो ऑफिस चला रहा है ।
सुनील ने सोचा क्या पता अमित अग्रवाल मुझे पहचान ले, लेकिन अमित अग्रवाल को देख कर सुनील चौक गया , ये कौन है ? अमित अग्रवाल ने सुनील को पहचाने से इंकार कर दिया , सुनील को कुछ भी समझ में नहीं आ रहा था कि, अब मैं क्या करूं यह कैसे हो गया 1 दिन के अंदर अंदर मेरा घर होटल में बदल गया मेरा बॉस वो मर गया यह अमित अग्रवाल इतना बड़ा कैसे हो गया?
तभी उसकी नजर सामने पड़ती है ,सामने एक लड़का था, यह वही लड़का था, जो ज्योति को मिला था । सुनील ने सोचा शायद इसी ने सब किया हो , कहां है, मेरी बीवी बच्चे, बोल, तूने उन्हें कहां छुपाया है, लड़का बोला_________ नहीं, मैंने नहीं छुपाया है और मैं आपका बेटा हूं, ऐसा क्यों करूंगा? फिर से वही बात कर रहे हो, तुम, मेरे बेटे नहीं हो, मेरा बेटा सिर्फ 5 साल का है।
दोनों के बीच बहस चल रही थी, तभी अचानक लड़के ने , सुनील से कहा कि_________ मैंने आपसे कहा था कि, आप किसी भी तरह के बैग को मत लेना लेकिन, आपने लिया।
सुनील ने कहा________ हां , लिया, मेरा ऑफिस का काम था, जो मुझे करना था । लड़के ने पूछा_______ क्या इस बैग को आपने खोला था । सुनील ने कहा_______हां , मैंने खोला, लड़का समझ गया था कि, आखिर हुआ क्या है और वह खुश भी था।
सुनील ,लड़के से तुम खुश क्यों हो? लड़का सुनील को गले लगाते हुए ,पापा मैं बहुत खुश हूं, मैंने आपको कहां-कहां नहीं ढूढा, सुनील ने लड़के को धक्का देते हैं कहता है, तुम मेरे बेटे नहीं हो, लड़का, सुनील को एक न्यूज़पेपर देता हैं, वह कहता है, इसे पढ़ो, सुनील कहता है________ मैं,नहीं,पढ़ रहा, पापा आप पढ़ो तो सही, सुनील ने जैसे ही पेपर को पड़ता है , वह चौक जाता है।
सुनील कहता है___________ ऐसा नहीं हो सकता, लड़का बोला___________ ऐसा ही है,पापा , लेकिन ऐसा कैसे हो सकता है? लगता है, इस पर डेट गलत छप गई है, 2004 की बदली 2019 छप गया है।
लड़का बोलता है______ नहीं, यह 2019 ही है, सुनील कहता है______ तुम पागल हो, मैं 2019 में कैसे आ सकता हूं? लड़का कहता है________ यह सब उस बैग की वजह से हैं, उस बैग को अपने खोला था , अगर आपने बैग के नंबरों को टच किया होगा तो, आप ने जो नंबर वहां पर डायल किया है,आप उस साल में पहुंच जाओगे, क्या आपने देखा था, कौन सा नंबर था, सुनील ने कहा मैंने देखा था, 2019 लिखा था, इसका मतलब आप 2019 में आ गए हैं? अब आप यहाँ से नहीं जा सकते ।
अब वो बैग हमारे पास नहीं है , अभी आप मेरे साथ घर चलो , सुनील ने साथ जाने से मना कर दिया। लड़के ने कहा, मेरे साथ चलो आप वहा चल कर सोचना करना क्या है? सुनील, लड़के के साथ चला जाता है ,लड़के ने दरवाजा खटखटाया तो उसकी माँ ने दरवाजा खोला ,उस औरत को देखकर सुनील था की ये कैसे हो सकता है ?
दरवाजा खोलने वाली कोई और नहीं सुनील की पत्नी ज्योति थी, जो बूढ़ी हो चुकी थी ज्योति और सुनील एक दूसरे को पकड़ के रोने लगे, ज्योति ने पूछा आप इतने साल कहा चले गए थे और आप अभी तक जवान कैसे है ? 15 साल हो गए, आप को गायब हुए ,सुनील घुसे में ये सब इस लड़के वजह से, न ये मिलता न ये सब होता ।
ज्योति बोली_______आप कैसी बात कर रहे हो, आप ने पहचाना नहीं, सुनील बोलै ,क्यों नहीं , यह वही लड़का है , जो तुम्हे मार्कीट में मिला था, ज्योति बोली_____ आप सही कह रहे है, लेकिन ये हमारा बेटा अश्विन है, इसने तुम्हे बेवकूफ बनाया है, ज्योति बोली______नहीं ,ये हमारा बेटा है 15 साल तक नहीं थे, हमारे साथ, मेने अश्विन को बड़ा होते देखा।
जो लड़का हमें मिला था, वो अश्विन ही था , तुम ये कैसे कह सकती हो? ज्योति बोली______ जब अश्विन 10 साल का हुवा, तब मुझे पता चला की वो लड़का और कोई नहीं हमारा अश्विन था, अश्विन ने आप को बोहत ढूढ़ने की कोशी की, की आप किस साल में चले गए है , लेकिन वो नहीं ढूढ पाया , तो उसने मुझे से पूछा की आप कब गायब हुए थे , तब वो उस साल में आया था, जब वो हमें मिला वो 10 साल का का था, वो आप को मना करने आया था, बैग नहीं खोलना , लेकिन आप ने बैग खोल दिया और बाकि सब आपको पता है, सुनील ज्योति से पूछा, घर कब छोड़ा, कुछ सालो बाद मेने घर छोड़ दिया अश्विन को अच्छी जिंदगी के लिए , बेटे को गले लगाया ।
सुनील अपने पुरे 15 साल खो चूका था, जिसे वह चाह कर भी नहीं जी सकता था और नाही वह किसी दूसरे बैग की सहायता से वहाँ जाना चाहता था ,अब वो अपने परिवार के साथ था ।